Special Session of Legislative Assembly Proved Futile
- जनता की गाड़ी कमाई को बर्बाद कर रही सरकारः आलोक
- 2023 में संसद से पारित हो चुका है नारी शक्ति वंदन अधिनियम
देहरादून। Special Session of Legislative Assembly Proved Futile उत्तराखंड विधानसभा में महिला आरक्षण को लेकर बुलाए गए एकदिवसीय विशेष सत्र पर कांग्रेस ने तीखा सवाल उठाया है। पार्टी ने इसे ‘औचित्यहीन’ करार देते हुए जनता के पैसे की बर्बादी बताया और आरोप लगाया कि सरकार असल मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए इस तरह के आयोजन कर रही है।
मंगलवार को अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के प्रवक्ता आलोक शर्मा और प्रदेश मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी ने संयुक्त प्रेस वार्ता में सरकार पर कई मोर्चों पर हमला बोला। उनका कहना था कि वर्ष 2023 में संसद से पारित नारी शक्ति वंदन अधिनियम के बाद भी महिला आरक्षण लागू न होना केंद्र सरकार की नीयत पर सवाल खड़ा करता है।
आज देहरादून स्थित कांग्रेस मुख्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में प्रदेश प्रवक्ता @garimadasauni जी द्वारा महिला आरक्षण पर वक्तव्य। pic.twitter.com/tq3MfDAGbi
— Uttarakhand Congress (@INCUttarakhand) April 28, 2026
आलोक शर्मा ने कहा कि महिला आरक्षण का अंतिम निर्णय संसद के स्तर पर होना है, ऐसे में राज्य विधानसभा का विशेष सत्र केवल ‘दिखावटी कवायद’ है। उन्होंने आरोप लगाया कि इस सत्र पर करोड़ों रुपये खर्च किए जा रहे हैं, जबकि राज्य में महिला सुरक्षा, बेरोजगारी और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के मुद्दे अधिक गंभीर हैं।
कांग्रेस नेताओं ने यह भी कहा कि उत्तराखंड में महिला अपराध के मामलों में बढ़ोतरी हुई है, लेकिन सरकार इस पर चर्चा से बच रही है। अंकिता भंडारी हत्याकांड का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि इतने बड़े मामले पर भी विशेष सत्र में कोई ठोस चर्चा नहीं हुई।
गरिमा मेहरा दसौनी ने स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाल स्थिति का हवाला देते हुए कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में आज भी महिलाओं को प्रसव के लिए मूलभूत सुविधाएं नहीं मिल पा रहीं। उनका कहना था कि विशेष सत्र पर खर्च होने वाला धन इन व्यवस्थाओं को सुधारने में लगाया जा सकता था।
चारधाम यात्रा की व्यवस्थाओं और हाल के घटनाक्रमों का जिक्र करते हुए उन्होंने सरकार की प्राथमिकताओं पर सवाल उठाया। साथ ही, एक महिला पत्रकार के साथ कथित अभद्रता की घटना को लेकर भी सरकार को घेरा और इसे महिलाओं के सम्मान के मुद्दे से जोड़ा।
कांग्रेस ने चुनौती दी कि यदि सरकार वास्तव में महिला सशक्तिकरण के प्रति गंभीर है, तो वह आगामी चुनाव में 33 प्रतिशत टिकट महिलाओं को दे या सरकारी नौकरियों में आरक्षण लागू करे। प्रेस वार्ता के अंत में कांग्रेस ने आरोप लगाया कि भाजपा महिलाओं को केवल ‘वोट बैंक’ के रूप में देखती है और इस प्रकार के विशेष सत्र राजनीतिक लाभ के लिए आयोजित किए जा रहे हैं।
प्रेस वार्ता में संगठन महामंत्री राजेंद्र भंडारी पूर्व महानगर अध्यक्ष लालचंद शर्मा सोशल मीडिया चेयरमैन और प्रवक्ता अभिनव थापर शीशपाल सिंह बिष्ट,दीप वोहरा और मनोज सैनी उपस्थित रहे।
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